
दुर्ग | दुर्ग पुलिस द्वारा थाना जामुल क्षेत्रांतर्गत उदय कॉलेज, जामुल में साइबर जागरूकता एवं यातायात जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में विजय अग्रवाल (उप पुलिस महानिरीक्षक, दुर्ग) एवं नगर पुलिस अधीक्षक, छावनी की गरिमामयी उपस्थिति रही।
कार्यक्रम के दौरान छात्र-छात्राओं को साइबर अपराध के विभिन्न स्वरूपों जैसे फिशिंग, ओटीपी फ्रॉड, सोशल मीडिया दुरुपयोग एवं ऑनलाइन वित्तीय ठगी के संबंध में विस्तृत जानकारी दी गई। विशेषज्ञों द्वारा बताया गया कि अज्ञात लिंक पर क्लिक करने, ओटीपी साझा करने तथा व्यक्तिगत बैंकिंग जानकारी सार्वजनिक करने से गंभीर वित्तीय नुकसान हो सकता है। साथ ही, साइबर अपराध की स्थिति में तत्काल संबंधित हेल्पलाइन एवं पुलिस से संपर्क करने की सलाह दी गई।

इसके अतिरिक्त यातायात जागरूकता सत्र में सड़क सुरक्षा नियमों का पालन, हेलमेट एवं सीट बेल्ट का अनिवार्य उपयोग, ओवरस्पीडिंग से बचाव तथा नशे की अवस्था में वाहन न चलाने के संबंध में विद्यार्थियों को जागरूक किया गया। अधिकारियों ने बताया कि यातायात नियमों का पालन न केवल व्यक्तिगत सुरक्षा बल्कि समाज की सामूहिक सुरक्षा के लिए भी आवश्यक है।
कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य युवाओं को डिजिटल सुरक्षा एवं सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूक कर सुरक्षित एवं जिम्मेदार नागरिक के रूप में उनकी सहभागिता सुनिश्चित करना रहा।

सराहनीय कार्य :
कार्यक्रम के सफल आयोजन में थाना जामुल की टीम, यातायात शाखा के अधिकारी-कर्मचारियों तथा साइबर सेल के स्टाफ की सक्रिय एवं महत्वपूर्ण भूमिका रही।
दुर्ग पुलिस की अपील :
दुर्ग पुलिस आम नागरिकों एवं विद्यार्थियों से अपील करती है कि साइबर अपराध से बचाव हेतु अपनी व्यक्तिगत एवं बैंकिंग जानकारी किसी के साथ साझा न करें तथा यातायात नियमों का पालन कर सुरक्षित, अनुशासित एवं जागरूक समाज के निर्माण में सहयोग प्रदान करें।














