दुर्ग पुलिस–एसबीआई की संयुक्त पहल : साइबर अपराध से बचाव के लिए निकला जागरूकता रथ

भिलाई। डिजिटल युग में बढ़ते साइबर अपराधों से आमजन को जागरूक करने के लिए दुर्ग पुलिस और भारतीय स्टेट बैंक ने संयुक्त रूप से बड़ा अभियान शुरू किया है। रविवार को पुलिस नियंत्रण कक्ष परिसर, भिलाई से साइबर जागरूकता रथ को वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) विजय अग्रवाल ने हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।
इस अवसर पर एएसपी (शहर) सुखनंदन राठौर, एएसपी (IUCAW) पद्मश्री तंवर, सीएसपी भिलाई नगर सत्य प्रकाश तिवारी और एसबीआई क्षेत्रीय प्रबंधक रूपक कुमार मंडल सहित अन्य पुलिस व बैंक अधिकारी मौजूद रहे।
जागरूकता ही सुरक्षा
एसएसपी विजय अग्रवाल ने कहा कि आज साइबर ठग लगातार नए-नए तरीकों से अपराध को अंजाम दे रहे हैं। जागरूकता के अभाव में लोग इनका शिकार बन जाते हैं। ऐसे में “जागरूकता ही सबसे बड़ी सुरक्षा है।” उन्होंने इस संयुक्त पहल को सराहते हुए आम नागरिकों से अपील की कि वे स्वयं सतर्क रहें और दूसरों को भी सतर्क करें।
पाँच प्रमुख इलाकों में जागरूकता
जागरूकता रथ दुर्ग जिले के पाँच प्रमुख स्थानों—दुर्ग रेलवे स्टेशन, सुपेला मार्केट, बस स्टैंड दुर्ग, सिविक सेंटर और नेहरू नगर—में पहुँचेगा। यहाँ नुक्कड़ नाटक, ऑडियो-वीडियो प्रस्तुति और साइबर वार्ताओं के जरिए लोगों को ऑनलाइन ठगी और साइबर अपराधों से बचाव की जानकारी दी जाएगी।
टोल फ्री नंबर 1930 का प्रचार
कार्यक्रम में पुलिस और एसबीआई अधिकारियों ने अपील की कि साइबर अपराध का शिकार होने पर तुरंत टोल फ्री नंबर 1930 पर संपर्क करें, ताकि समय रहते कार्रवाई की जा सके।
बड़ी संख्या में सहभागिता
इस अवसर पर एसबीआई के मुख्य प्रबंधक निशेष कश्यप, देव रंजन मिश्रा सहित बैंक अधिकारी, पुलिस अधिकारी और बड़ी संख्या में मीडिया प्रतिनिधि उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन शरद बैस (एसबीआई) ने किया और सभी को इस पहल को सफल बनाने का अनुरोध किया।














