
दुर्ग। कुम्हारी थाना क्षेत्र में पुलिस ने एक बड़ी साजिश का पर्दाफाश करते हुए उस युवक को गिरफ्तार किया है, जिसने अपने ही ऊपर लूट होने की झूठी रिपोर्ट दर्ज कराई थी। आरोपी ने 14,60,000 रुपये की राशि “लूट लिए जाने” का दावा किया था, जबकि जांच में पता चला कि पूरा घटनाक्रम उसने खुद गढ़ा था।
लूट का बना था झूठा ड्रामा
7 दिसंबर को चरोदा निवासी आशीष राठौर ने कुम्हारी थाने में शिकायत दर्ज कराई थी कि वह हिताची कंपनी के एटीएम में कैश लोडिंग का काम करता है। उसके अनुसार 6 दिसंबर को वह मोटरसाइकिल से मुरमुंडा दादर की ओर जा रहा था, तभी कपसदा के पास तीन अज्ञात युवकों ने चाकू दिखाकर 14.60 लाख रुपये से भरा बैग छीन लिया।
शिकायत को गंभीरता से लेते हुए थाना कुम्हारी में अपराध क्रमांक 239/25, धारा 309(4) BNS के तहत मामला दर्ज किया गया और जांच शुरू की गई।
जांच में नहीं मिला कोई सुराग
पुलिस टीम ने मौके का निरीक्षण किया और आसपास के लोगों से पूछताछ की। लेकिन न तो किसी ने घटना देखी और न ही कोई संदिग्ध गतिविधि सामने आई। परिस्थितियां संदिग्ध लगने पर पुलिस ने प्रार्थी से गहराई से पूछताछ की।
कर्ज और आर्थिक संकट के चलते रची साजिश
पूछताछ में आशीष ने कबूल किया कि उसने आर्थिक परेशानी से बचने के लिए पूरा मामला खुद गढ़ा था।
जांच में सामने आया कि—
- आरोपी के पास पहले से 4 सेल्फ-फंडिंग एटीएम फ्रेंचाइज थे
- बाद में उसने 8 और फ्रेंचाइजी ले लीं, जिन्हें कंपनी फंड करती थी
- बढ़ी हुई जिम्मेदारी और कई एटीएम में कम कैश रहने के कारण ट्रांजेक्शन घटने लगे
- कमीशन भी कम होता गया
- ऊपर से घर और कार के लोन तथा अन्य खर्चों की वजह से वह आर्थिक दबाव में आ गया
आरोपी ने बताया कि उसे पता चला था कि “कैश चोरी” की रिपोर्ट पर बीमा क्लेम आसानी से मिल जाता है। इसी लालच में उसने यह झूठा लूटकांड रचा।
फर्जी तरीके से अपने ही एटीएम में डाला था पैसा
जांच में यह भी सामने आया कि विभिन्न एटीएम में रकम डालने के बाद उसने अपने सेल्फ-फंडिंग वाले 3 एटीएम में 14,60,000 रुपये अतिरिक्त जमा कर दिए थे और उसी राशि को “लूट” होना बताया।
आरोपी गिरफ्तार
पुलिस ने पूरे मामले का खुलासा करते हुए आरोपी आशीष राठौर (उम्र 34 वर्ष), निवासी चरोदा, पुरानी भिलाई को गिरफ्तार कर लिया है। मामले में आगे की जांच जारी है।














