
दुर्ग। थाना उतई पुलिस ने हत्या के एक चर्चित मामले में करीब दो वर्षों से फरार चल रहे आरोपी को महाराष्ट्र के नागपुर से गिरफ्तार कर बड़ी सफलता हासिल की है। आरोपी लगातार अपना ठिकाना बदलकर पुलिस से बचने की कोशिश कर रहा था, लेकिन तकनीकी विश्लेषण, मुखबिर की सूचना और लगातार पुलिस प्रयासों के चलते उसे गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया, जहां से न्यायिक रिमांड पर केंद्रीय जेल दुर्ग भेज दिया गया।
पुलिस के अनुसार, थाना उतई में दर्ज अपराध क्रमांक 240/2024 में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं के तहत हत्या के मामले की विवेचना की जा रही है। इस प्रकरण में पूर्व में दीपजोत कौर संधु उर्फ निक्की और एक अपचारी बालिका को 14 अगस्त 2024 को गिरफ्तार कर न्यायिक अभिरक्षा में भेजा जा चुका था।
तकनीकी विश्लेषण से मिली सफलता
विवेचना के दौरान जुटाए गए साक्ष्यों और मेमोरेण्डम के आधार पर फरार आरोपी सुमित हीरानंद लालवानी (30 वर्ष) की लगातार तलाश की जा रही थी। घटना के बाद वह गिरफ्तारी से बचने के लिए लगातार अलग-अलग स्थानों पर छिपता रहा।
वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन में गठित विशेष टीम ने तकनीकी विश्लेषण और मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर आरोपी की लोकेशन नागपुर (महाराष्ट्र) में ट्रेस की। इसके बाद पुलिस ने योजनाबद्ध तरीके से घेराबंदी कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।
न्यायिक रिमांड पर भेजा गया
पूछताछ के दौरान आरोपी ने मामले से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारी दी। आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद उसे न्यायालय में पेश किया गया, जहां से न्यायिक रिमांड पर केंद्रीय जेल दुर्ग भेज दिया गया।
नगदी भी जब्त
गिरफ्तार आरोपी के कब्जे से 9 हजार रुपये नकद भी बरामद किए गए हैं।
पुलिस टीम की रही अहम भूमिका
इस कार्रवाई में थाना उतई के निरीक्षक मोहन भारद्वाज, उप निरीक्षक श्रीराम पेन्ड्रो, सहायक उप निरीक्षक सुरेश पाण्डेय, आरक्षक ध्रुवनारायण चन्द्राकर सहित थाना स्टाफ की सराहनीय भूमिका रही।
दुर्ग पुलिस की अपील
दुर्ग पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि किसी भी फरार आरोपी या संदिग्ध आपराधिक गतिविधि की जानकारी तत्काल पुलिस को दें। सूचना देने वाले की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी तथा अपराधियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।













