12 घंटे में सुलझी अपहरण की गुत्थी, रायपुर से UP तक पुलिस की दौड़; 3 आरोपी हिरासत में

रायपुर: खमतराई थाना क्षेत्र से एक व्यक्ति के कथित अपहरण के मामले में रायपुर पुलिस ने करीब 12 घंटे के भीतर कार्रवाई करते हुए उत्तर प्रदेश के मिर्जापुर जिले के अहरौरा क्षेत्र से तीन संदिग्धों को हिरासत में लिया है। पुलिस के अनुसार, CCTV फुटेज, तकनीकी सर्विलांस और अंतर्राज्यीय पुलिस समन्वय की मदद से संदिग्ध वाहन की लोकेशन ट्रेस की गई।
रात 9 बजे मिली सूचना, CCTV से सामने आया घटनाक्रम
पुलिस के मुताबिक, 2 अक्टूबर 2026 की रात करीब 9 बजे रांवाभाठा निवासी अनिता राय ने खमतराई पुलिस को सूचना दी कि उनके पति प्रतीक राय घर नहीं लौटे हैं और उनका मोबाइल भी बंद है। सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने घटनास्थल और आसपास लगे CCTV कैमरों की फुटेज खंगालनी शुरू की।
फुटेज के विश्लेषण में पुलिस को जानकारी मिली कि उसी दिन दोपहर करीब 2:28 बजे प्रतीक राय को काले रंग की उत्तर प्रदेश नंबर की स्कॉर्पियो में सवार तीन लोगों द्वारा कथित तौर पर जबरन बैठाकर ले जाया गया।
तकनीकी सर्विलांस से उत्तर प्रदेश तक पहुंची पुलिस
घटना में इस्तेमाल वाहन की जानकारी मिलने के बाद पुलिस ने तकनीकी माध्यमों से उसकी गतिविधियों पर नजर रखनी शुरू की। वाहन के उत्तर प्रदेश की ओर जाने की जानकारी मिलने पर रायपुर पुलिस ने वहां की संबंधित पुलिस इकाइयों से संपर्क किया।
अहरौरा पुलिस के साथ चौपन और रॉबर्ट्सगंज समेत संभावित मार्गों पर मौजूद पुलिस टीमों को भी वाहन की जानकारी देकर अलर्ट किया गया। संभावित रास्तों पर नाकाबंदी और चेकिंग की गई।
अहरौरा में रोकी गई स्कॉर्पियो, तीन हिरासत में
लगातार ट्रैकिंग और पुलिस समन्वय के बाद अहरौरा क्षेत्र में संदिग्ध स्कॉर्पियो को रोक लिया गया। वाहन में मौजूद तीन लोगों को पुलिस ने हिरासत में लिया। पुलिस के अनुसार, शुरुआती पूछताछ में वाहन और पैसों के लेनदेन से जुड़े विवाद की बात सामने आई है। इसी विवाद के चलते प्रतीक राय को उत्तर प्रदेश की ओर ले जाने की बात जांच में सामने आई है।
हिरासत में लिए गए तीन आरोपी
पुलिस के अनुसार हिरासत में लिए गए लोगों की पहचान अभय सिंह (28), निवासी बाराबंकी, बृहस्पत देव सिंह (27), निवासी उत्तर प्रदेश और आदर्श सिंह (24), निवासी प्रतापपुर, उत्तर प्रदेश के रूप में हुई है।
तीनों को अहरौरा क्षेत्र में हिरासत में लिया गया है। रायपुर पुलिस की टीम उन्हें आगे की कानूनी कार्रवाई के लिए रायपुर लाने रवाना हो चुकी है।
CCTV और तकनीकी निगरानी से जुड़ी कड़ियां
पुलिस के मुताबिक, सूचना मिलने के बाद CCTV फुटेज, तकनीकी सर्विलांस, वाहन की लोकेशन और टोल संबंधी जानकारी को आपस में जोड़कर कार्रवाई की गई। पुलिस टीमों के बीच लगातार सूचना साझा किए जाने से संदिग्ध वाहन की गतिविधियों पर नजर रखी गई।
इस कार्रवाई में खमतराई थाना प्रभारी निरीक्षक जितेन्द्र जायसवाल सहित थाना टीम की भूमिका रही। पुलिस के अनुसार, मामले में आगे की जांच और कानूनी कार्रवाई जारी है।
















