ब्रेकिंग
अफीम की अवैध खेती पर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय का कड़ा रुख प्रशिक्षु न्यायाधीश लोकतंत्र के तीसरे स्तंभ के रूप में निभाएंगे महत्वपूर्ण भूमिका : मुख्यमंत्री श्री... बिजली उपभोक्ताओं की पीड़ा को दूर करेगी समाधान योजना : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय पटरीपार सिकोला भाटा सब्जी मार्केट में निगम की बड़ी कार्रवाई, नाली के ऊपर बने 35 से अधिक अवैध निर्माण... छत्तीसगढ़ में घरेलू एलपीजी गैस एवं डीजल-पेट्रोल का पर्याप्त स्टॉक, आपूर्ति व्यवस्था पर सतत निगरानी क... कबीरधाम में सर्वाइकल कैंसर से बचाव के लिए शुरू होगी बड़ी मुहिम नगरपालिकाओं एवं त्रिस्तरीय पंचायतों के आम / उप निर्वाचन 2026 हेतु निर्वाचक नामावली कार्यक्रम जारी मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में छत्तीसगढ़ राजधानी क्षेत्र विकास प्राधिकरण (SCR) की पहली बैठक आयोजित प्रतिबंधित प्लास्टिक के खिलाफ निगम की सख्त कार्रवाई, कई दुकानों से डिस्पोजल गिलास व झिल्ली पन्नी जब्... राज्यपाल ने संत शदाराम साहिब भाषा भवन का किया शिलान्यास
दुर्ग

भूमि संबंधी विवाद को सुलझान पार्षद को पड़ा महंगा, पार्षद समेत 4 के खिलाफ जुर्म दर्ज

दुर्ग। आमदी मंदिर वार्ड क्रमांक-24 के भाजपा पार्षद नरेश तेजवानी को वार्ड के दो पक्षों के बीच चले आ रहे भूमि संबंधी विवाद को सुलझाने विवादित स्थल पर पहुंचना भारी महंगा पड़ा। इस मामले के एक पक्ष जगप्रीत सिंह उर्फ गोल्डी की शिकायत पर मोहन नगर पुलिस द्वारा पार्षद नरेश तेजवानी समेत 4 लोगों के खिलाफ गाली गलौच व मारपीट करने की धाराओं के तहत जुर्म दर्ज कर दिया गया है।

पार्षद तेजवानी के खिलाफ मामला दर्ज होने से उनके समर्थन में सामने आए नगर निगम के नेता प्रतिपक्ष अजय वर्मा, पार्षद देवनारायण चंद्राकर, अन्य पार्षद के अलावा वार्डवासियों ने सोमवार को मोहन नगर पुलिस थाना पहुंचकर मामले के फर्जी होने का आरोप लगाया है। इस दौरान उन्होने थाना प्रभारी से मुलाकात की और पार्षद के खिलाफ शिकायत की बगैर जांच किए आनन-फानन में कार्यवाही करने पर भी अपनी कड़ी आपत्ति जताई है। उन्होने शिकायत की जांच कर पार्षद को न्याय प्रदान करने की मांग की है। मांगो पर मोहन नगर थाना प्रभारी ने पार्षदों के प्रतिनिधिमंडल को मामले की नए सिरे से जांच कराने का भरोसा दिलाया गया है।

जांच के तहत पुलिस घटना स्थल पर लगे सीसीटीव्ही फुटेज खंगालेगी, जिससे पार्षद नरेश तेजवानी के खिलाफ किए गए शिकायत का सच सामने आ जाएगा। मोहन नगर थाना प्रभारी द्वारा यह भी पार्षदों को आश्वस्त किया गया है कि अगर पार्षद के खिलाफ शिकायत झूठी निकली तो शिकायतकर्ता जगप्रीत सिंह उर्फ  गोल्डी को भी नहीं बख्शी जाएगा। इस पूरे मामले पर आमदी मंदिर वार्ड क्रमांक-24 के भाजपा पार्षद नरेश तेजवानी ने अपनी प्रतिक्रिया में कहा कि सिंधी कॉलोनी में गोल्डी पैन्ट्स व हार्डवेयर दुकान के पीछे स्थित भूमि को लेकर जुझार सिंह और जगप्रीत सिंह के बीच विवाद की स्थिति थी।

75 वर्षीय बुजूर्ग जुझार सिंह उक्त भूमि पर नगर निगम से अनुमति लेकर मकान में स्लैब ढलाई करवाने की बात कहकर मुझे मौके पर बुलाया। वार्ड का पार्षद होने के नाते मैं जुझार सिंह के बुलावे पर मौके पर पहुंचा, तब जुझार सिंह ने निर्माण से संबंधित नगर निगम की अनुमति पत्र भी दिखाई। जिस पर मैने जुझार सिंह को स्लैब ढलाई करवाने को कहा। पार्षद नरेश तेजवानी ने बताया कि दोनो पक्षों के विवाद को सुलझाने बैठक भी बुलाई गई थी, लेकिन उस बैठक में जगप्रीत सिंह उर्फ गोल्डी शामिल नहीं हुआ था।

घटना की शाम रविवार को जगप्रीत सिंह उर्फ गोल्डी अपने साथियों के साथ मौके पर पहुंचा और बुजूर्ग जुझार सिंह से गाली गलौच करते हुए स्लैब ढलाई में लगे लोगों से मारपीट भी की। पार्षद नरेश तेजवानी ने बताया कि पार्षद होने के नाते मैं दोनो पक्षों के विवाद को सुलझाने मौके पर गया था। ऐसे विवाद की स्थिति में वार्ड के लोगों को अक्सर पार्षद से विवाद सुलझने की अपेक्षा रहती है, लेकिन उल्टा जगप्रीत सिंह उर्फ गोल्डी की शिकायत पर मेरे खिलाफ अपराध दर्ज करना न्याय संगत नहीं है।

मामले में अपराध करने से पहले पुलिस को घटना की जांच की जानी चाहिए थी। मौके पर उपलब्ध सीसीटीवी फुटेज चेक करना था, लेकिन पुलिस ने यह सब नहीं कर जल्दबाजी में अपराध दर्ज कर दिया। जो सही नहीं है। पार्षद नरेश तेजवानी बताया कि पुलिस थाना में मैने अपने बयान में कहा है कि मारपीट की घटना से मेरा कोई लेना देना नहीं है। मेरे खिलाफ फर्जी शिकायत की गई है,जिसकी पुन: जांच की जानी चाहिए। बता दें कि जगप्रीत सिंह उर्फ गोल्डी की रिपोर्ट पर पुलिस ने पार्षद नरेश तेजवानी के अलावा जुझार सिंह,लक्की दुलाई,अन्नु जोहल के खिलाफ अपराध दर्ज किया है।

शिकायतकर्ता कादंबरी नगर निवासी जगप्रीत सिंह उर्फ गोल्डी ने पुलिस में रिपोर्ट दर्ज करवाई है कि सिंधी कालोनी में गोल्डी पेंट्स एड हार्डवेयर के नाम से उसकी दुकान है। दुकान के पीछे मेरी जमीन है, जिसमें जुझार सिंह और उसकी पत्नी मिलकर कब्जा कर निर्माण कार्य चालू कर दिए है। जमीन का मामला कोर्ट में लंबित है। उसी बात को लेकर 15 सितंबर की शाम करीब 05.30 बजे बैठक के लिए मुझे बुलाया गया था। करीबन 05.15 बजे मैं अपने बच्चे ईश्मित सिंह के साथ दुकान के पास पहुंचा, वहां पर जुझार सिंह, लक्की दुलाई, नरेश तेजवानी, अन्नू जोहाल खड़े थे, जिन्हें नमस्कार कर मैं उन्हें बैठक में कहा बैठना है कहा इस पर वे मुझसे गाली गलौच, जान से मारने की धमकी देकर मारपीट की। मारपीट से मुझे चोंटे आई है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button