ब्रेकिंग
अरुण पन्नालाल की मुश्किलें बढ़ीं, कोर्ट ने जमानत देने से किया इनकार कर्ज की किश्त और ब्याज को लेकर दबाव बनाने वाली दो महिलाएं गिरफ्तार, घर से ले गए वाहन समेत सामान बराम... 42 एमएलडी फिल्टर प्लांट में आगजनी पर महापौर अलका बाघमार सख्त, ब्लीचिंग पावडर की होगी लैब जांच, सात वार्डों में विकास कार्यों को मिली रफ्तार, महापौर अलका बाघमार ने किया एक साथ भूमिपूजन, राष्ट्रीय हथकरघा दिवस पर सरोज पाण्डेय ने प्रदर्शनी का अवलोकन कर बुनकरों को किया प्रोत्साहित कार्यकारिणी बैठक, शिक्षा अधिकारी का सम्मान , सैनिक भाईयों रक्षा सूत्र कलेक्टर अवगत वरिष्ठ अधिवक्ता रामकली यादव के पति स्वर्गीय मोहन लाल यादव के श्रद्धांजलि समारोह में जुटे जनप्रतिनिधि... छत्तीसगढ़ प्रदेश तृतीय वर्ग शासकीय कर्मचारी संघ की विशेष साधारण सभा संपन्न कार्यकारिणी बैठक, शिक्षा अधिकारी का सम्मान , सैनिक भाईयों रक्षा सूत्र कलेक्टर अवगत महापौर अलका बाघमार ने तीन वार्डों में करोड़ों के विकास कार्यों का किया भूमिपूजन,
छत्तीसगढ़

CG ब्रेकिंग: NHM कर्मियों ने दो दिवसीय हड़ताल का किया ऐलान, स्वास्थ्य सेवाएं ठप होने की आशंका

रायपुर। छत्तीसगढ़ में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (NHM) के 16,000 संविदा स्वास्थ्य कर्मियों ने 16 और 17 जुलाई को दो दिवसीय हड़ताल पर जाने का निर्णय लिया है। इस हड़ताल से राज्यभर की स्वास्थ्य सेवाओं पर गंभीर असर पड़ने की आशंका जताई जा रही है। कार्य बहिष्कार में डॉक्टर, नर्स, फार्मासिस्ट, लैब व एक्स-रे टेक्नीशियन, एएनएम, कार्यालयीन कर्मचारी और सफाईकर्मी शामिल होंगे।

हड़ताल के दौरान टीबी, कुष्ठ, मलेरिया नियंत्रण, टीकाकरण, नवजात देखभाल, पोषण पुनर्वास केंद्र, स्कूल-आंगनबाड़ी परीक्षण, आयुष्मान OPD सेवाएं बुरी तरह प्रभावित होंगी। यह हड़ताल इसलिए भी गंभीर मानी जा रही है क्योंकि एनएचएम के संविदा कर्मचारी प्रदेश के कुल स्वास्थ्य अमले का 35% हिस्सा हैं, जो खासकर ग्रामीण क्षेत्रों की स्वास्थ्य सेवाओं की रीढ़ हैं।

चरणबद्ध आंदोलन: जिलेवार धरना, फिर विधानसभा घेराव

  • 10 से 15 जुलाई तक सभी कर्मचारी काली पट्टी पहनकर विरोध दर्ज करा रहे हैं।
  • 16 जुलाई को सभी जिलों में धरना प्रदर्शन किया जाएगा और मुख्यमंत्री को ज्ञापन सौंपा जाएगा।
  • 17 जुलाई को राजधानी रायपुर में विधानसभा का घेराव होगा।
  • 20 वर्षों की सेवा, फिर भी नहीं मिले बुनियादी अधिकार

एनएचएम कर्मचारी संघ के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. अमित कुमार मिरी ने बताया कि पिछले 20 वर्षों से मिशन में कार्यरत संविदा कर्मचारियों को आज तक उचित वेतन, अनुकंपा नियुक्ति, नौकरी सुरक्षा, नई पेंशन स्कीम, दुर्घटना बीमा जैसी मूलभूत सुविधाएं नहीं मिली हैं। उन्होंने यह भी कहा कि मध्यप्रदेश, राजस्थान और महाराष्ट्र जैसे राज्यों में इन सुविधाओं की व्यवस्था है, पर छत्तीसगढ़ में स्थिति जस की तस बनी हुई है।

सरकार को ठहराया जिम्मेदार, जनता से जताया खेद

डॉ. मिरी ने आमजन से इस असुविधा के लिए खेद व्यक्त किया है, लेकिन साथ ही इसके लिए राज्य शासन और प्रशासन को जिम्मेदार ठहराया। उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगों पर कोई सकारात्मक पहल नहीं हुई, तो वे अनिश्चितकालीन हड़ताल पर जाने को मजबूर होंगे।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button