
दुर्ग। ऑनलाइन आईपीएल क्रिकेट सट्टा मामले में दुर्ग पुलिस को एक और बड़ी सफलता मिली है। थाना छावनी और एसीसीयू की संयुक्त टीम ने मामले में संलिप्त एक आरोपी को गिरफ्तार किया है, जो सट्टा संचालन के लिए म्यूल अकाउंट उपलब्ध कराने का काम कर रहा था।
पुलिस के अनुसार, 16 मई 2026 को हैदराबाद में संचालित ऑनलाइन आईपीएल क्रिकेट सट्टा पैनल पर कार्रवाई करते हुए 13 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया था। आरोपियों के कब्जे से लैपटॉप, नगदी रकम, बैंक खातों से जुड़े दस्तावेज, एटीएम कार्ड और अन्य सामग्री जब्त की गई थी। सभी आरोपियों को न्यायिक रिमांड पर भेजा गया था।
मामले की विवेचना और पूछताछ के दौरान खुलासा हुआ कि सट्टा संचालन के लिए विभिन्न लोगों को पैसों का लालच देकर उनके बैंक खाते, सीम कार्ड, चेकबुक और एटीएम कार्ड हासिल किए जाते थे। इनका उपयोग अवैध लेन-देन और ऑनलाइन सट्टे के पैसों के ट्रांजेक्शन में किया जाता था।

तकनीकी जांच और मोबाइल कॉल डिटेल के विश्लेषण में आरोपी अमानउद्दीन उर्फ अमन निवासी कैम्प-2, चटाई क्वार्टर, भिलाई की संलिप्तता सामने आई। पुलिस ने आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ की, जिसमें उसके कब्जे से दो मोबाइल फोन जब्त किए गए। मोबाइल में पैसों के ट्रांजेक्शन और म्यूल अकाउंट से संबंधित जानकारी मिली है।
पर्याप्त साक्ष्य मिलने के बाद आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया।
इस मामले में थाना छावनी के अपराध क्रमांक 320/2026 के तहत धारा 318(4), 319, 317(2), 317(4), 111, 61(2) बीएनएस एवं छत्तीसगढ़ जुआ प्रतिषेध अधिनियम की धारा 7 के तहत वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।
पुलिस के मुताबिक ऑनलाइन आईपीएल सट्टा संचालन के लिए अवैध बैंक खातों और वित्तीय माध्यमों का इस्तेमाल कर आर्थिक लाभ कमाने का प्रयास किया जा रहा था।
दुर्ग पुलिस ने आम नागरिकों से अपील की है कि वे किसी भी प्रकार के ऑनलाइन सट्टा, अवैध वित्तीय लेन-देन या बैंक खाते उपलब्ध कराने जैसी गतिविधियों से दूर रहें। साथ ही ऐसी किसी भी गतिविधि की जानकारी तुरंत पुलिस को दें। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि साइबर अपराध और अवैध सट्टा संचालन में शामिल लोगों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई जारी रहेगी।











