ब्रेकिंग
शहर के विभिन्न वार्डों में विकास कार्यों की सौगात, महापौर ने किया भूमिपूजन उत्तर भारत प्राकृतिक अध्ययन हाईक के लिए दुर्ग से 5 सदस्यीय स्काउटर-गाइडर दल रवाना छत्तीसगढ राज्य की अन्य पिछ़ड़ा वर्ग की केन्द्रीय सूची में अहीर‘‘ के उपरांत ‘‘ रावत‘‘ एवं अंग्रे... जमीन सौदे में बड़ा फर्जीवाड़ा, 25 लाख से अधिक की धोखाधड़ी के आरोप में दो पर FIR विकास कार्यों की सौगात: महापौर ने तीन वार्डों में सड़क, नाली और पुलिया निर्माण कार्यों का किया भूमिप... अब कम होगा ईंधन खर्च! भारत में आया E85 फ्लेक्स फ्यूल, जेब पर पड़ेगा कम बोझ सिर्फ 15 साल की उम्र में टीम इंडिया का टिकट, वैभव सूर्यवंशी ने रचा नया कीर्तिमान केशकाल घाट फोरलेन बायपास निर्माण में ढिलाई पर नाराज हुए अरुण साव, समय पर काम पूरा करने के निर्देश महंगाई भत्ते की मांग को लेकर 10 जून को प्रदर्शन, कर्मचारियों ने कलेक्टर कार्यालय पहुंचने की अपील मंत्री गजेन्द्र यादव से मिलीं महिला मोर्चा की नवनियुक्त पदाधिकारी, जताया आभार
रायपुर

मुआवजा घोटाले पर छत्तीसगढ़ में बड़ी रेड: रायपुर, दुर्ग, भिलाई समेत 20 ठिकानों पर EOW का शिकंजा

रायपुर। छत्तीसगढ़ में भारतमाला परियोजना से जुड़े 324 करोड़ रुपये के मुआवजा घोटाले को लेकर आर्थिक अपराध अन्वेषण शाखा (EOW) और भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB) की बड़ी कार्रवाई सामने आई है। राज्यभर में एक साथ 20 से अधिक ठिकानों पर छापेमारी की गई है।

यह कार्रवाई रायपुर, नया रायपुर, दुर्ग-भिलाई, अभनपुर, आरंग और बिलासपुर जिलों में चल रही है। जांच के घेरे में वर्तमान और पूर्व प्रशासनिक अधिकारी, जैसे कि SDM, तहसीलदार, नायब तहसीलदार, पटवारी और राजस्व निरीक्षक (RI) के साथ कई बैंक अधिकारी भी शामिल हैं।

भिलाई में ACB की टीम ने एक बैंक मैनेजर के घर पर छापा मारा, जहां संपत्ति से जुड़े दस्तावेज जब्त किए गए और परिजनों से पूछताछ हुई। बिलासपुर में अतिरिक्त तहसीलदार लखेश्वर ध्रुव के आवास पर छह से अधिक अधिकारियों की टीम दस्तावेजों की जांच कर रही है। ध्रुव पूर्व में रायपुर में नायब तहसीलदार रह चुके हैं।

रायपुर में तत्कालीन SDM निर्भय साहू और तहसीलदार शशिकांत कुर्रे के आवासों पर भी EOW की टीमें पहुंचीं। सभी संदिग्धों की संपत्तियों और बैंक लेनदेन की बारीकी से जांच की जा रही है।

उपमुख्यमंत्री अरुण साव ने बयान जारी कर कहा, “घोटाले की शिकायतों पर सरकार ने EOW को जांच के निर्देश दिए हैं। यह भ्रष्टाचार पिछली कांग्रेस सरकार के कार्यकाल में हुआ था। वर्तमान सरकार की नीति ‘जीरो टॉलरेंस’ है और दोषियों को किसी भी हालत में बख्शा नहीं जाएगा।”

ACB और EOW की संयुक्त कार्रवाई से प्रशासनिक हलकों में हड़कंप मच गया है। अनुमान है कि आने वाले दिनों में जांच का दायरा और बढ़ सकता है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Slot Site
Back to top button